यूँ जल गए आसमान हंसते हंसते, तेवर सारे रुख बदल आसान हो गए! इरादे नज़र आएं आसमान में कई, सिर्फ आसार हैं जो दिल से बयाँ हैं बूँद बूँद ही सही भिगा कर मान गए रास्ते मुसाफिर से पहचान बनाते हैं ! हकीकतें रंगीन और सच काले झूठे, मुसाफिर कुछ सामने कुछ पीछे छूटे.. सच्चाइयाँ समेट कर मुट्ठी भर आसमान, अर्ज़ करता है आप भी सुन लीजे! सपने बिखेर के मुट्ठी भर, आसमान, अर्ज़ करता है आप भी चुन लीजे! बादलों की नकाब से रंग निकले हैं, यूँ आज हर तरफ मज़ाज बदले हैं!.... बादल हैं समय के साथ बदल जाएंगे, पैगाम नज़र में है कब असर में आएंगे?
अकेले हर एक अधूरा।पूरा होने के लिए जुड़ना पड़ता है, और जुड़ने के लिए अपने अँधेरे और रोशनी बांटनी पड़ती है।कोई बात अनकही न रह जाये!और जब आप हर पल बदल रहे हैं तो कितनी बातें अनकही रह जायेंगी और आप अधूरे।बस ये मेरी छोटी सी आलसी कोशिश है अपना अधूरापन बांटने की, थोड़ा मैं पूरा होता हूँ थोड़ा आप भी हो जाइये।